
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में एक लिखित उत्तर में बताया कि सहकारिता मंत्रालय के आत्मनिर्भरता अभियान के तहत शुरू किए गए सहकारी खरीद पोर्टलों पर अब तक करीब 60 लाख किसानों ने पंजीकरण कराया है।
उन्होंने कहा कि इस पहल का उद्देश्य अरहर (तूर), उड़द, मसूर और मक्का के घरेलू उत्पादन को बढ़ावा देना, दालों के आयात पर भारत की निर्भरता कम करना तथा एथेनॉल ब्लेंडिंग कार्यक्रम (ईबीपी) के तहत एथेनॉल उत्पादन के लिए मक्का की खेती को प्रोत्साहित करना है।
अमित शाह ने बताया कि इस कार्यक्रम का संचालन नेफेड और एनसीसीएफ के माध्यम से किया जा रहा है। दोनों संस्थाओं ने किसानों के पंजीकरण के लिए अलग-अलग पोर्टल विकसित किए हैं। एनसीसीएफ ई-सम्युक्ति पोर्टल संचालित करता है, जबकि नेफेड ने ई-समृद्धि पोर्टल शुरू किया है।
मंत्री के अनुसार, एनसीसीएफ के ई-सम्युक्ति पोर्टल पर 44,09,590 किसानों ने पंजीकरण कराया है, जबकि नेफेड के ई-समृद्धि पोर्टल पर 15,84,759 किसान पंजीकृत हुए हैं। इस प्रकार दोनों पोर्टलों पर पंजीकृत किसानों की कुल संख्या 59,94,349 हो गई है।
अमित शाह ने कहा कि दोनों संस्थाओं ने अरहर, उड़द, मसूर और मक्का की खेती करने वाले पूर्व-पंजीकृत किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर 100 प्रतिशत खरीद का आश्वासन दिया है।



