
पश्चिम बंगाल के सहकारिता मंत्री अशोक कीर्तनिया ने राज्य में तृणमूल कांग्रेस सरकार के पिछले 15 वर्षों के कार्यकाल के दौरान सहकारी संस्थाओं में कथित वित्तीय अनियमितताओं और परिसंपत्तियों के दुरुपयोग के आरोपों के बीच पैक्स से सहकारी बैंकों को वितरित किए गए दीर्घकालिक ऋणों की ऑडिट कराने के निर्देश दिए हैं।
कोलकाता में मीडिया से बातचीत करते हुए अशोक कीर्तनिया ने आरोप लगाया कि कुछ जिला सहकारी बैंकों में कई स्तरों पर भ्रष्टाचार हुआ है।
उन्होंने दावा किया कि सहकारी संस्थाओं के धन का दुरुपयोग किया गया तथा सहकारी बैंकों से जुड़ी संपत्तियों को कथित रूप से कम कीमत पर बेचा गया, जिससे संस्थाओं को वित्तीय नुकसान पहुंचा।
मंत्री ने कहा कि प्रस्तावित ऑडिट के तहत सहकारी बैंकों के कामकाज की विस्तृत जांच की जाएगी। इसमें ऋण वितरण की प्रक्रिया, दीर्घकालिक ऋणों के उपयोग तथा पूर्व प्रशासन के दौरान किए गए संपत्ति लेनदेन की भी समीक्षा शामिल होगी।



