मंगलवार को केंद्रीय कृषि मंत्री शरद पवार ने संसद में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा कि देश ने दूध उत्पादन में महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है और सहकारी समितियों ने इसमें एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है.
भारत में दूध उत्पादन की वार्षिक वृद्धि दर पिछले एक दशक के दौरान मानव आबादी की औसत वार्षिक वृद्धि की तुलना में अधिक है, संसद को मंत्री द्वारा सूचित किया गया.
देश में वर्ष 2010-11 के दौरान 116.20 लाख टन दूध का उत्पादन का अनुमान था, उन्होंने कहा. भारत दुनिया में दूध का सबसे बड़ा उत्पादक साथ ही सबसे बड़ा उपभोक्ता भी है.
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