
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘सहकार से समृद्धि’ विजन के तहत महाराष्ट्र में सहकारिता आधारित मोबिलिटी प्लेटफॉर्म ‘भारत टैक्सी’ की शुरुआत हो गई। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर आयोजित कार्यक्रम में सेवा को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
इस अवसर पर केंद्रीय सहकारिता राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल, सहकारी क्षेत्र के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में टैक्सी सारथी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय सहकारिता राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने कहा कि महाराष्ट्र में भारत टैक्सी का शुभारंभ राज्य के सहकारिता आंदोलन में एक नया अध्याय है। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र देश के सबसे मजबूत सहकारिता राज्यों में शामिल है और यहां लगभग ढाई लाख सहकारी संस्थाएं कार्यरत हैं।
उन्होंने बताया कि सहकारिता मंत्रालय के गठन के बाद पिछले पांच वर्षों में सहकारी क्षेत्र को सशक्त बनाने के लिए 152 से अधिक महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं, जिनमें नई राष्ट्रीय सहकारिता नीति, दो लाख नई बहुउद्देशीय सहकारी समितियों की स्थापना और पैक्स के आधुनिकीकरण जैसे कदम शामिल हैं।
मोहोल ने बताया कि देशभर में करीब 40,000 नई सहकारी समितियों का गठन किया जा चुका है तथा लगभग 3,000 करोड़ रुपये की लागत से पैक्स का कंप्यूटरीकरण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सहकारिता क्षेत्र को आधुनिक और आत्मनिर्भर बनाने के लिए बीज, जैविक उत्पादों और कृषि निर्यात से जुड़ी राष्ट्रीय सहकारी संस्थाओं का भी गठन किया गया है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि दिल्ली और गुजरात के बाद महाराष्ट्र में भारत टैक्सी की शुरुआत सहकारिता आधारित रोजगार मॉडल को नई गति देगी। उन्होंने कहा कि ऐप आधारित टैक्सी सेवाओं में सर्ज प्राइसिंग, छिपे शुल्क और अधिक कमीशन जैसी समस्याएं देखने को मिलती हैं, जबकि भारत टैक्सी इन चुनौतियों का सहकारी समाधान प्रस्तुत करती है।
उन्होंने कहा कि इस मॉडल में टैक्सी चालक केवल ड्राइवर नहीं बल्कि सहकारी संस्था के सदस्य, मालिक और लाभ के भागीदार होंगे। सेवा में सर्ज प्राइसिंग और छिपे हुए शुल्क नहीं होंगे तथा पारदर्शी किराया प्रणाली अपनाई जाएगी। महिला यात्रियों की सुरक्षा, गुणवत्तापूर्ण सेवा और जवाबदेही पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि दि. बा. पाटील सहकारी वाहतूक संघ के साथ हुए समझौते के तहत नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के आसपास रहने वाले लगभग 3,000 से 4,000 स्थानीय युवाओं को ऋण सुविधा के माध्यम से टैक्सियां उपलब्ध कराकर भारत टैक्सी प्लेटफॉर्म से जोड़ा जाएगा, जिससे रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
कार्यक्रम के दौरान भारत टैक्सी से जुड़े सारथियों को शेयर प्रमाणपत्र और सेवा किट भी वितरित किए गए। सहकारिता मंत्रालय के अनुसार, भारत टैक्सी का उद्देश्य बिचौलिया-केंद्रित व्यवस्था के स्थान पर चालक-केंद्रित परिवहन प्रणाली विकसित करना, सारथियों की आय बढ़ाना और यात्रियों को सुरक्षित, पारदर्शी एवं किफायती परिवहन सेवा उपलब्ध कराना है।



