
नेशनल फेडरेशन ऑफ स्टेट कोऑपरेटिव बैंक्स (नेफस्कॉब) के निदेशक मंडल का चुनाव निर्विरोध संपन्न हो गया है। वर्ष 2026-2031 के कार्यकाल के लिए सभी 21 उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं।
दरअसल, निदेशक मंडल की 21 सीटों के लिए कुल 22 उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किया था। इनमें छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी बैंक के प्रतिनिधि केदार नाथ गुप्ता ने अपना नामांकन वापस ले लिया। इसके बाद उम्मीदवारों की संख्या घटकर 21 रह गई, जो उपलब्ध सीटों के बराबर थी। इस तरह चुनाव में मुकाबले की स्थिति समाप्त हो गई।
हालांकि, चुनाव परिणाम की औपचारिक घोषणा सहकारिता मंत्रालय के अंतर्गत सहकारी निर्वाचन प्राधिकरण की मंजूरी के बाद की जाएगी। इस घटनाक्रम के बाद 5 नवंबर को प्रस्तावित मतदान की संभावना समाप्त हो गई है।
इस बार निदेशक मंडल में कई प्रमुख सहकारी नेताओं को जगह मिली है। इनमें महाराष्ट्र राज्य सहकारी बैंक के प्रशासक विद्याधर वी. अनास्कर, ओडिशा राज्य सहकारी बैंक के अध्यक्ष टी. प्रसाद राव डोरा, आंध्र प्रदेश राज्य सहकारी बैंक के अध्यक्ष गन्नी वीरांजनेयुलु और झारखंड राज्य सहकारी बैंक की अध्यक्ष बिभा सिंह प्रमुख हैं।
अंतिम सूची में अंडमान एवं निकोबार से नंद किशोर सिंह, असम से बिस्वजीत फूकन, दिल्ली से डॉ. बिजेंद्र सिंह, गोवा से पांडुरंग एन. कुर्टिकर, गुजरात से अजयभाई एच. पटेल, हिमाचल प्रदेश से देवेंद्र सिंह श्याम और हरियाणा से भारत भूषण जुयाल शामिल हैं।
अन्य निर्वाचित उम्मीदवारों में कर्नाटक से के. एन. राजन्ना, केरल से मोहन मास्टर, मध्य प्रदेश से महेंद्र सिंह यादव, मेघालय से वैभा के. किंदिया, मिजोरम से लालनुनसांगा, पंजाब से जगदेव सिंह, राजस्थान से डॉ. समित शर्मा (आईएएस), उत्तर प्रदेश से जितेंद्र बहादुर सिंह, उत्तराखंड से प्रदीप मेहरोत्रा और पश्चिम बंगाल से अवीक भट्टाचार्य शामिल हैं।
निदेशक मंडल के निर्विरोध निर्वाचन के बाद अब नेफस्कॉब के पदाधिकारियों के चुनाव की तैयारी है। पदाधिकारियों का चुनाव 17 नवंबर 2026 को निर्धारित किया गया है।



