
इफको के अध्यक्ष दिलीप संघाणी ने बुधवार को केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा रसायन एवं उर्वरक मंत्री जे. पी. नड्डा से शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान किसानों और सहकारी क्षेत्र से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में इफको के प्रबंध निदेशक के. जे. पटेल भी उपस्थित रहे।
नई दिल्ली में आयोजित इस बैठक में देशभर में उर्वरकों की उपलब्धता, वितरण प्रणाली, लागत से जुड़े पहलुओं तथा किसानों को जमीनी स्तर पर आ रही व्यावहारिक समस्याओं पर विशेष रूप से विचार-विमर्श किया गया। बैठक के बाद संघाणी ने कहा कि संवाद अत्यंत सकारात्मक और समाधान-केंद्रित रहा, जिसमें किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई।
उन्होंने बताया कि केंद्रीय मंत्री जे. पी. नड्डा ने इफको की ओर से उठाए गए सभी अहम मुद्दों को गंभीरता से सुना और संबंधित विभागों को त्वरित निर्णय लेने के साथ स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए। बैठक में विशेष रूप से बुआई के मौसम के दौरान उर्वरकों की समय पर उपलब्धता, सुचारु आपूर्ति तथा वितरण में आ रही बाधाओं पर चर्चा की गई।
किसानों के कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए केंद्रीय मंत्री जे. पी. नड्डा ने उर्वरक क्षेत्र से जुड़े प्रमुख विषयों पर तत्काल निर्णय लिए और वरिष्ठ अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। संघाणी ने कहा कि ये फैसले केंद्र सरकार की “किसान प्रथम” नीति और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन को प्रतिबिंबित करते हैं।
इफको और भारतीय सहकारी आंदोलन की ओर से संघाणी ने मंत्री नड्डा के प्रति आभार व्यक्त करते हुए उनकी संवेदनशीलता, त्वरित निर्णय क्षमता और निर्णायक नेतृत्व की सराहना की। उन्होंने कहा कि किसान-स्वामित्व वाली सहकारी संस्था होने के नाते इफको जमीनी हकीकत को नीति-निर्माताओं तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
बैठक के बाद एक ट्वीट में इफको के प्रबंध निदेशक के. जे. पटेल ने कहा कि उन्होंने अध्यक्ष दिलीप संघाणी के साथ केंद्रीय मंत्री जे. पी. नड्डा से मुलाकात कर विश्वस्तरीय उर्वरकों, कुशल संयंत्र संचालन और किसानों के लिए समय पर उपलब्धता को लेकर इफको की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने बताया कि बैठक में किसान-प्रथम दृष्टिकोण, सतत नवाचार और भारतीय कृषि को सशक्त बनाने पर भी चर्चा हुई।



