
केंद्र सरकार ने कृषि अवसंरचना कोष (एआईएफ) के तहत ऋण लक्ष्य को बढ़ाकर 2 लाख करोड़ रुपये कर दिया है।
अधिकारियों के अनुसार, इस कदम से फसल कटाई के बाद होने वाले नुकसान में कमी आएगी, भंडारण क्षमता में सुधार होगा तथा किसान अपनी उपज का बेहतर मूल्य प्राप्त कर सकेंगे। साथ ही, खेत से बाजार तक की कड़ी को मजबूत कर विपणन व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाया जाएगा।
विस्तारित कोष से कृषि उद्यमियों, सहकारी संस्थाओं और किसान उत्पादक संगठनों की भागीदारी बढ़ने की उम्मीद है। यह निर्णय किसानों की आय में वृद्धि और देशभर में सुदृढ़ कृषि विपणन तंत्र के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।



